संतों की शिक्षा

Kabir is God


कौन सी भक्ति करनी चाहिए और कौन सी भक्ति नहीं करनी चाहिए इसके लिए गीता ज्ञान दाता ने शास्त्रों को ही प्रमाण बताया है देखिए गीता अध्याय नंबर 16 के श्लोक नंबर 24 में

3. तीन प्रकार के मंत्रों (नाम) को तीन बार में उपदेश करेगा

जिसका वर्णन गीता जी के अध्याय नं.17 श्लोक 23 (ॐ तत्, सत्, इति, निर्देशः, ब्रह्मणः, त्रिविधः, स्मृतः, ब्राह्मणाः, तेन, वेदाः, च, यज्ञाः, च, विहिताः, पुरा।।) व सामवेद संख्या नं. 822 (मनीषिभिः पवते पूव्र्यः कविर् नृभिः यतः परि कोशान् असिष्यदत् त्रि तस्य नाम जनयन् मधु क्षरनः न इन्द्रस्य वायुम् सख्याय वर्धयन्।) में मिलता है।
वो पूर्ण संत "जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज" है।
www.jagatgururampalji.com


Comments